भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) कर्ज सस्ता करने के लिए बैंकों में पचास हजार करोड़ की नकदी डालेगा. आरबीआई के अनुसार, अगले दो महीने में सिस्टम में तरलता बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा, ताकि ब्याज दरों को नीचे लाया जा सके.
आरबीआई की उद्देश्य महंगाई दर और कर्ज की लागत में मेल बनाने की है, ताकि कर्ज लेने वालों को आसानी हो सके. आरबीआई ने अप्रैल 2019 में डॉलर-रुपया विनिमय के तहत दो बार में 70 हजार करोड़ रुपये की नकदी सिस्टम में डाली थी.
EmoticonEmoticon